मीडिया वाली

Youtube Live
ब्रेकिंग न्यूज़
नवीनतम समाचार लोड हो रहे हैं...

SSC की ऑनलाइन परीक्षा में धांधली करने वाले सात गिरफ्तार

Tags:
SSC की ऑनलाइन परीक्षा में धांधली
Mediawali news,Noida

कर्मचारी चयन आयोग (SSC) द्वारा आयोजित ऑनलाइन परीक्षा में धांधली करने वाले गिरोह का एसटीएफ की नोएडा यूनिट ने पकड़ा है। गिरोह के सात आरोपी गिरफ्तार किए हैं। इसमें दो अभ्यर्थी भी शामिल हैं। आरोपी सीएपीएफ व एसएसएफ में कांस्टेबल और असम राइफल में राइफलमैन परीक्षा-2026 में धांधली कर रहे थे। आरोपियों के पास से 50 लाख नगद, 10 मोबाइल, 5 लैपटॉप, 1 राउटर, अभ्यर्थियों की सूची, 2 प्रवेश पत्र, एडूक्यूटी कंपनी की चार एंट्री एवं पहचान पत्र आदि बरामद हुए हैं।

एसटीएफ फील्ड इकाई के अपर पुलिस अधीक्षक राज कुमार मिश्रा, पुलिस उपाधीक्षक नवेन्दु कुमार, उप निरीक्षक अक्षय पीके त्यागी द्वारा पकड़े गए आरोपियों की पहचान प्रदीप चौहान मुजफ्फरनगर,अरुण कुमार मथुरा, सन्दीप भाटी बुलन्दशहर,निशान्त राघव बुलन्दशहर, अमित राणा बागपत और अभ्यर्थी शाकिर मलिक बागपत व विवेक कुमार बुलन्दशहर के रूप में हुई है। सभी को शुक्रवार शाम पांच बजे बालाजी डिजिटल जोन, बोधि तरु इंटरनेशनल स्कूल, नॉलेज पार्क, ग्रेटर नोएडा से पकड़ा गया है। नॉलेज पार्क के बालाजी डिजिटल जोन में आयोजित कर्मचारी चयन आयोग द्वारा आयोजित ऑनलाइन परीक्षा में प्रौक्सी सर्वर लगाकर परीक्षा में अपना अभ्यर्थी बैठाकर परीक्षा में नकल करायी जा रही है। इस पर एसटीएफ नोएडा की टीम ने आरोपियों कोगिरफ्तार कर लिया।

आरोपी प्रदीप ने बताया कि उसने मेरठ कॉलेज से एम कॉम किया है। उसने बालाजी डिजिटल जोन नाम से ऑनलाइन परीक्षा कराये जाने का सेन्टर बनाया है। वर्तमान में कर्मचारी चयन आयोग की उपरोक्त परीक्षा एडूक्यूटी कंपनी द्वारा बालाजी डिजिटल सेन्टर पर कराई जा रही थी। धांधली को लेकर प्रदीप की मुलाकात बागपत के अमित राणा से हुई थी और अमित राणा द्वारा उपरोक्त परीक्षा केन्द्र में लगे कम्पनी के सर्वर को बाईपास करके प्रौक्सी सर्वर के माध्यम से Screen Sharing Viewer Application का प्रयोग कर परीक्षा केन्द्र के बाहर से ही Solver के माध्यम से Paper Solve कराने का तरीका निकाला था। प्रौक्सी सर्वर लगाने का काम अरुण करता था। अरुण लगभग ढाई साल पहले इसी सेन्टर पर परीक्षा पर्यवेक्षक बनकर आया था। पूछताछ से प्रकाश में आया कि यह प्रति अभ्यर्थी 4 लाख रुपये लेते थे। इसमें से 50 हजार अभ्यर्थी को लाने वाला व्याक्ति ले लेता था तथा बाकी के 3.5 लाख अभियुक्त प्रदीप, अमित राणा एवं सॉल्वर के बीच बंटता था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Home
News
Videos
Audios