असम चुनाव: भाजपा और बीपीएफ के बीच सीट बंटवारे पर सहमति
Mediawali news
गुवाहाटी। असम में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। सत्तारूढ़ Bharatiya Janata Party ने अपने सहयोगी Bodoland People’s Front के साथ सीट बंटवारे पर सहमति बना ली है। दोनों दलों के बीच यह समझौता बोडोलैंड क्षेत्र की 15 विधानसभा सीटों के लिए हुआ है।
बीपीएफ को 11 और भाजपा को 4 सीटें
असम के मुख्यमंत्री Himanta Biswa Sarma ने मीडिया को बताया कि बोडोलैंड क्षेत्र में बीपीएफ सबसे बड़ी पार्टी है, इसलिए उसे 11 सीटों पर चुनाव लड़ने का मौका दिया गया है। वहीं भाजपा केवल 4 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेगी। उन्होंने कहा कि इस समझौते के तहत दोनों दल मिलकर चुनाव लड़ेंगे।
यूपीपीएल ने अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया
बोडोलैंड की एक अन्य सहयोगी पार्टी United People’s Party Liberal के साथ भाजपा ने सीट साझा नहीं की है। पार्टी के अध्यक्ष Pramod Boro ने कहा कि यूपीपीएल सभी 15 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेगी और अकेले चुनाव लड़ेगी।
बोडोलैंड क्षेत्र की सीटें क्यों अहम
बोडोलैंड क्षेत्र की 15 सीटें राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के लिए काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही हैं। यह क्षेत्र Bodoland Territorial Council के प्रशासन के तहत आता है और इसमें Kokrajhar, Chirang, Baksa, Tamulpur और Udalguri जिले शामिल हैं। इन सीटों पर जीत चुनाव परिणाम को प्रभावित कर सकती है।
एजीपी के साथ समझौते का इंतजार
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि भाजपा का सीट बंटवारे को लेकर Asom Gana Parishad के साथ भी लगभग समझौता हो चुका है। अब इस प्रस्ताव को पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व की मंजूरी का इंतजार है। मंजूरी मिलने के बाद अंतिम घोषणा की जाएगी।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इन गठबंधनों का असर आने वाले चुनाव में साफ दिखाई दे सकता है।