इंजीनियरिंग की नौकरी छोड़ भाइयों संग शुरू किया वडा पाव बिजनेस
आज उनका वडा पाव बिजनेस न सिर्फ उन्हें अच्छी पहचान दे रहा है, बल्कि कई लोगों के लिए रोजगार का जरिया भी बन चुका है। 8 से 10 लोग उनके यहां काम कर रहे हैं। रोहित का सपना है कि आने वाले समय में वह अपने ब्रांड को और बड़े स्तर तक लेकर जाएं और ज्यादा से ज्यादा युवाओं को रोजगार दे सकें।
Mediawali news, Noida
ग्रेटर नोएडा के रहने वाले रोहित गिरि ने साबित कर दिया कि अगर इरादे मजबूत हों तो नौकरी छोड़कर भी सफलता की नई कहानी लिखी जा सकती है। इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने वाले रोहित ने करीब तीन साल तक नौकरी की, लेकिन उनके मन में हमेशा अपना खुद का कारोबार शुरू करने का सपना था। आखिरकार उन्होंने अपने भाइयों के साथ मिलकर वडा पाव का बिजनेस शुरू किया और आज उनके चार सफल आउटलेट चल रहे हैं, जहां 8 से 10 लोगों को रोजगार भी मिल रहा है।
रोहित बताते हैं कि उन्हें बचपन से ही वडा पाव खाना बेहद पसंद था। एक बार उन्होंने बाहर एक जगह वडा पाव खाया, जिसका स्वाद उन्हें इतना पसंद आया कि वह उसे भूल नहीं पाए। लेकिन जब वह अपने शहर ग्रेटर नोएडा लौटे तो उन्हें वैसा स्वाद कहीं नहीं मिला। यही बात उनके दिमाग में लगातार चलती रही। उन्होंने सोचा कि अगर लोगों को बेहतर और अलग स्वाद वाला वडा पाव मिले तो लोग उसे जरूर पसंद करेंगे।
इसी सोच के साथ उन्होंने साल 2024 में अपने भाइयों के साथ मिलकर वडा पाव के कारोबार की शुरुआत की। शुरुआत आसान नहीं थी। उस समय रोहित नौकरी भी कर रहे थे और बिजनेस को पार्ट टाइम में संभालते थे। नौकरी खत्म होने के बाद वह अपने आउटलेट पर समय देते थे। धीरे-धीरे लोगों को उनका स्वाद पसंद आने लगा और ग्राहकों की संख्या बढ़ती चली गई।
पहला आउटलेट अथार्थ हॉस्पिटल के पास किया शुरू
रोहित ने बताया कि उनकी आखिरी सैलरी करीब 45 हजार रुपये थी, लेकिन उन्होंने नौकरी की सुरक्षित जिंदगी छोड़कर बिजनेस को फुल टाइम देने का फैसला किया। उनका कहना है कि शुरुआत में परिवार और दोस्तों ने भी सवाल उठाए, लेकिन उन्हें अपने काम और स्वाद पर पूरा भरोसा था। यही भरोसा आज उनकी सफलता की सबसे बड़ी वजह बना। उनका पहला आउटलेट यथार्थ हॉस्पिटल के पास शुरू हुआ। वहां से अच्छा रिस्पॉन्स मिलने के बाद उन्होंने कारोबार बढ़ाना शुरू किया। आज उनके आउटलेट अल्फा-1, अल्फा-2 और पूर्वांचल रॉयल सिटी के पास भी संचालित हो रहे हैं। इन सभी आउटलेट्स को परिवार के सदस्य मिलकर संभालते हैं।
सभी मिलकर संभालने लगे रोहित का बिजनेस
रोहित ने बताया कि वे कुल पांच भाई हैं। इनमें से एक भाई अभी भी इंजीनियरिंग की नौकरी कर रहा है, जबकि बाकी भाई मिलकर पूरे बिजनेस को संभाल रहे हैं। कोई किचन का काम देखता है तो कोई ग्राहकों से जुड़ी जिम्मेदारी निभाता है। परिवार के सहयोग और मेहनत ने इस छोटे से कारोबार को तेजी से आगे बढ़ाया है। उनका कहना है कि आज के समय में युवा सिर्फ नौकरी के पीछे भागते हैं, जबकि छोटे स्तर से शुरू किया गया बिजनेस भी बड़ा रूप ले सकता है। जरूरत सिर्फ मेहनत, धैर्य और नए आइडिया की होती है। रोहित का मानना है कि अगर किसी काम को पूरी ईमानदारी और लगन से किया जाए तो सफलता जरूर मिलती है।
8 से 10 लोगों को दे रहे हैं रोजगार
आज उनका वडा पाव बिजनेस न सिर्फ उन्हें अच्छी पहचान दे रहा है, बल्कि कई लोगों के लिए रोजगार का जरिया भी बन चुका है। 8 से 10 लोग उनके यहां काम कर रहे हैं। रोहित का सपना है कि आने वाले समय में वह अपने ब्रांड को और बड़े स्तर तक लेकर जाएं और ज्यादा से ज्यादा युवाओं को रोजगार दे सकें।