कचरे से संवरी सूरत: सेक्टर-100 बना स्वच्छता और रिसाइक्लिंग की मिसाल
Mediawali news
नोएडा के सेक्टर-100, नोएडा के लोगों ने यह साबित कर दिया है कि अगर हम कचरे की सही कीमत समझ लें, तो वही कूड़ा समाज के काम आ सकता है। यहां के निवासियों ने मिलकर सफाई और रिसाइक्लिंग की अच्छी पहल की है, जिससे पूरे सेक्टर की सूरत बदल गई है।
सेक्टर-100 के आरडब्ल्यूए अध्यक्ष पवन यादव ने बताया कि उन्होंने क्षेत्र को साफ और सुंदर बनाने के लिए कचरा प्रबंधन पर विशेष ध्यान दिया। इस काम में एचसीएल फाउंडेशन का भी सहयोग मिला। लोगों ने घरों से निकलने वाले कचरे को बेकार समझकर फेंकने की बजाय उसका दोबारा उपयोग करना शुरू किया।
सेक्टर के निवासी टूटे हुए टाइल्स और पत्थरों को इकट्ठा करके उनसे सार्वजनिक शौचालय और बैठने की जगह बना रहे हैं। पुरानी टॉयलेट सीटों को फेंकने के बजाय उनमें मिट्टी भरकर पौधे लगाए जा रहे हैं, जिससे वे गमले का काम कर रही हैं। इसी तरह प्लास्टिक की बोतलों और अन्य प्लास्टिक कचरे को इकट्ठा कर डिजाइनर बेंच तैयार की जा रही हैं। पुराने कपड़ों से थैले बनाए जा रहे हैं, ताकि प्लास्टिक बैग का उपयोग कम हो सके।
सेक्टर में लगभग 400 परिवार रहते हैं। पिछले पांच वर्षों से यहां स्वच्छता अभियान लगातार चलाया जा रहा है। इसका परिणाम यह हुआ है कि आज सेक्टर पहले से कहीं ज्यादा साफ और सुंदर दिखाई देता है। यहां “बर्तन बैंक” भी बनाया गया है। इसमें स्टील की थाली, गिलास, प्लेट और चम्मच इकट्ठा किए गए हैं। किसी भी कार्यक्रम या आयोजन में इन्हीं बर्तनों का उपयोग किया जाता है, जिससे थर्माकोल और प्लास्टिक के बर्तनों का इस्तेमाल बंद हो गया है।
सेक्टर की निवासी कल्पना दीक्षित का कहना है कि लोगों को खुद जागरूक होना चाहिए, तभी स्वच्छता संभव है। वे अपने पुराने कपड़े थैले बनाने के लिए दान करती हैं। वहीं सुनीता सिंह का कहना है कि प्लास्टिक का कम से कम उपयोग करना चाहिए और सभी को मिलकर इस प्रयास में सहयोग देना चाहिए। इस तरह सेक्टर-100 के लोगों ने मिलकर स्वच्छता और रिसाइक्लिंग की मिसाल पेश की है।