नोएडा में मोबाइल स्नैचिंग गिरोह का पर्दाफाश, दिल्ली तक फैला था नेटवर्क
34 मोबाइल फोन और चोरी की बाइक बरामद, तीन शातिर बदमाश गिरफ्तार
नोएडा में मोबाइल स्नैचिंग की घटनाओं पर लगाम कसते हुए फेस-1 थाना पुलिस ने एक बड़े गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने नोएडा में मोबाइल छीनकर उन्हें दिल्ली में सप्लाई करने वाले तीन शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 34 मोबाइल फोन, एक चोरी की बाइक और एक चाकू बरामद किया गया है। बरामद मोबाइल फोन की अनुमानित कीमत 10 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है।
झुंडपुरा बॉर्डर पर चेकिंग के दौरान गिरफ्तारी
डीसीपी यमुना प्रसाद ने बताया कि फेस-1 थाना पुलिस झुंडपुरा बॉर्डर पर नियमित चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान एक बाइक पर सवार तीन युवकों की गतिविधियां संदिग्ध लगीं। पुलिस ने उन्हें रोककर तलाशी ली तो उनके पास से एक चाकू, 34 मोबाइल फोन और एक चोरी की बाइक बरामद हुई। जब आरोपी बाइक के वैध कागजात नहीं दिखा पाए, तो पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की, जिसमें पूरे गिरोह का खुलासा हो गया।
अलीगढ़ से आकर NCR में करते थे वारदात
पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ध्रुव, रवि और सागर, निवासी अलीगढ़, के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, तीनों आरोपी लंबे समय से दिल्ली-एनसीआर और नोएडा क्षेत्र में सक्रिय थे। ये लोग सुनियोजित तरीके से पहले इलाके की रेकी करते थे और फिर मौके का फायदा उठाकर मोबाइल स्नैचिंग की वारदात को अंजाम देते थे।
चोरी की बाइकों से देते थे वारदात को अंजाम
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में खड़ी बाइकों को चोरी कर लेते थे। इसके बाद उन्हीं चोरी की बाइकों का इस्तेमाल कर नोएडा और दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में मोबाइल स्नैचिंग करते थे। वारदात के बाद लूटे गए मोबाइल फोन दिल्ली में अपने संपर्कों के जरिए बेच देते थे, जिससे उन्हें तुरंत नकद पैसा मिल जाता था।
हर वारदात में बदलते थे बाइक
आरोपियों ने यह भी खुलासा किया कि वे पुलिस से बचने के लिए हर वारदात में अलग-अलग चोरी की बाइक का इस्तेमाल करते थे। बाइक बदलने की वजह से पुलिस को उनकी लोकेशन और पहचान ट्रेस करने में काफी दिक्कत होती थी। यही कारण रहा कि वे लंबे समय तक पुलिस की पकड़ से बाहर रहे।
पुलिस कर रही नेटवर्क की जांच
पुलिस का कहना है कि बरामद किए गए मोबाइल फोन में से कई की शिकायतें पहले से विभिन्न थानों में दर्ज हैं। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों ने अब तक कितनी स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम दिया है और उनके नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। इसके साथ ही दिल्ली में मोबाइल खरीदने और बेचने वाले लोगों की भी पहचान की जा रही है।
फिलहाल पुलिस आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की तैयारी कर रही है और मामले की गहन जांच जारी है।