पोषण पखवाड़ा: कासना, सिरसा और लढ़पुरा में जागरूकता अभियान तेज
Mediawali news
बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग द्वारा ‘पोषण पखवाड़ा’ के तहत ब्लॉक दनकौर के विभिन्न क्षेत्रों में कुपोषण मुक्त भारत के लक्ष्य को लेकर व्यापक जागरूकता अभियान चलाया गया। इस क्रम में कासना, सिरसा और लढ़पुरा स्थित आंगनवाड़ी केंद्रों पर विशेष गतिविधियां आयोजित की गईं, जहां लाभार्थियों से सीधे संवाद कर उन्हें पोषण के प्रति जागरूक किया गया।
अभियान का नेतृत्व और निरीक्षण
इस अभियान का नेतृत्व सीडीपीओ संध्या सोनी द्वारा किया गया। उनके साथ मुख्य सेविका ममता और माधुरी भी मौजूद रहीं।
अधिकारियों ने आंगनवाड़ी केंद्रों का सघन निरीक्षण करते हुए वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और पोषण से जुड़ी गतिविधियों की समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान यह सुनिश्चित किया गया कि लाभार्थियों तक सरकारी योजनाओं का लाभ सही तरीके से पहुंच रहा है या नहीं।
लाभार्थियों से सीधा संवाद
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने बच्चों, गर्भवती महिलाओं और अभिभावकों से सीधा संवाद स्थापित किया।
उन्हें संतुलित आहार, स्वच्छता और स्वस्थ जीवनशैली के महत्व के बारे में विस्तार से बताया गया।
इसके साथ ही परिवारों को यह भी समझाया गया कि सही पोषण बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए कितना जरूरी है।
स्क्रीन टाइम पर विशेष चर्चा
अभियान के दौरान बच्चों में बढ़ते ‘स्क्रीन टाइम’ यानी मोबाइल और टीवी के अधिक उपयोग के दुष्प्रभावों पर खास जोर दिया गया।
अभिभावकों को सलाह दी गई कि वे बच्चों की डिजिटल गतिविधियों को सीमित रखें और उन्हें खेलकूद तथा अन्य रचनात्मक गतिविधियों के लिए प्रेरित करें।
अधिकारियों ने बताया कि ज्यादा स्क्रीन टाइम बच्चों के स्वास्थ्य और व्यवहार पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है।
पोषण और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता
आंगनवाड़ी कार्यकर्त्रियों ने पोषण संबंधी संदेशों का व्यापक प्रसार किया और लाभार्थियों को विभाग की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी।
उन्हें यह भी बताया गया कि इन योजनाओं से जुड़कर वे अपने और अपने बच्चों के स्वास्थ्य को बेहतर बना सकते हैं।
अभियान का मुख्य उद्देश्य समाज में पोषण, स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा। पोषण पखवाड़ा के तहत चलाया गया यह अभियान कुपोषण को खत्म करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। प्रशासन और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के संयुक्त प्रयास से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि हर परिवार तक सही जानकारी पहुंचे और स्वस्थ समाज का निर्माण हो सके।