ग्रेप-4 लागू होते ही सख्ती, नोएडा की सड़कों से हटेंगे सवा लाख वाहन
बीएस-4 और उससे नीचे के वाहनों पर रोक, दिसंबर में 232 पर कार्रवाई
नोएडा। एनसीआर में ग्रेप-4 लागू होने के बाद नोएडा में प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर शिकंजा कस दिया गया है। जिले में बीएस-4 और उससे नीचे श्रेणी के करीब सवा लाख वाहन अब सड़कों पर नहीं चल सकेंगे। परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
परिवहन विभाग के अनुसार, ग्रेप-4 लागू होने के बाद से लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। केवल दिसंबर माह में अब तक 232 वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इनसे 23.20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया, जिसमें से 8.60 लाख रुपये की वसूली हो चुकी है।
पूरे जिले में पांच प्रवर्तन टीमें तैनात
अधिकारियों ने बताया कि जिले में प्रवर्तन की पांच टीमें सक्रिय हैं, जो प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर नजर रख रही हैं। बिना प्रदूषण प्रमाण पत्र और नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर तत्काल चालान किया जा रहा है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में अप्रैल से अब तक कुल 4,018 वाहनों पर कार्रवाई की जा चुकी है, जिनसे 1.49 करोड़ रुपये की वसूली की गई है।
बीएस-6 और जरूरी सेवाओं को राहत
बीएस-6 श्रेणी के वाहनों को ग्रेप-4 में पूरी छूट दी गई है। इसके अलावा एंबुलेंस, दमकल, जरूरी आपूर्ति और आपात सेवाओं में लगे वाहनों को भी सीएक्यूएम के निर्देशानुसार अनुमति दी गई है।
बॉर्डर इलाकों पर कड़ी निगरानी
कालिंदी कुंज, डीएनडी फ्लाइओवर और चिल्ला बॉर्डर सहित नोएडा-दिल्ली बॉर्डर पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। ट्रैफिक पुलिस और प्रवर्तन दल संयुक्त रूप से चेकिंग कर रहे हैं।
विभाग का कहना
एआरटीओ प्रशासन नंद कुमार ने बताया कि ग्रेप नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी, ताकि वायु गुणवत्ता में सुधार किया जा सके।