ईरान पर अमेरिका-इस्राइल का बड़ा हमला, 17 रिहायशी इलाकों में तबाही; जवाब में तेहरान ने दागीं मिसाइलें
Mediawali news
पश्चिम एशिया में ईरान, अमेरिका और इस्राइल के बीच जारी युद्ध अब पांचवें हफ्ते में पहुंच गया है। मंगलवार को अमेरिका-इस्राइल ने ईरान के कई हिस्सों पर बड़े हमले किए। इनमें खोर्रमाबाद हवाई अड्डा प्रमुख निशाना रहा। इसके अलावा ईरान के 17 रिहायशी इलाकों पर भी बमबारी की गई, जिससे कई इलाकों में भारी तबाही मची।
ईरानी रेड क्रिसेंट ने नागरिकों पर हमले का लगाया आरोप
ईरानी रेड क्रिसेंट संगठन ने दावा किया कि हमलों में केवल सैन्य ठिकानों को नहीं, बल्कि आम नागरिकों के इलाकों को भी निशाना बनाया गया। संगठन ने कहा कि निहत्थे नागरिकों पर हमला अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का उल्लंघन है और इसे युद्ध अपराध माना जाना चाहिए। ईरानी मीडिया के मुताबिक रातभर चले हमलों में कम से कम 15 लोगों की मौत हुई है।
इस्राइल ने रेलवे और ट्रेनों से दूर रहने की चेतावनी दी
संघर्ष के बीच इस्राइल ने ईरानियों के लिए फारसी भाषा में चेतावनी जारी की। संदेश में कहा गया कि लोग रेलवे लाइनों, ट्रेनों और उनसे जुड़े इलाकों से दूर रहें, क्योंकि इन क्षेत्रों को संभावित सैन्य लक्ष्य माना जा सकता है। इस्राइल का कहना है कि इन स्थानों पर मौजूद रहने से लोगों की जान को खतरा हो सकता है।
ईरान ने जवाब में इस्राइल पर दागीं मिसाइलें
अमेरिका-इस्राइल के हमलों के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए इस्राइल पर कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। इस्राइली मीडिया के अनुसार मध्य इस्राइल और हाइफा के कई इलाकों में नुकसान हुआ। हालांकि, इस्राइल ने दावा किया कि उसकी वायु रक्षा प्रणाली ने कई मिसाइलों को रास्ते में ही रोक दिया। फिर भी कुछ मिसाइलें रिहायशी इलाकों तक पहुंच गईं। तेहरान में देर रात कई बड़े धमाके सुनाई दिए। शहर के ऊपर लड़ाकू विमानों की उड़ानें देखी गईं और कई इलाकों में धुएं के गुबार उठते दिखाई दिए। रिपोर्ट्स के अनुसार तेहरान के अलावा इस्फहान और अन्य शहरों में भी हमले हुए हैं। ईरानी अधिकारियों का कहना है कि हमले लगातार बढ़ते जा रहे हैं।
ट्रंप का अल्टीमेटम और शिराज पेट्रोकेमिकल ठिकाने पर हमला
अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को चेतावनी दी थी कि यदि वह समझौता नहीं करता तो उसके पुलों और ऊर्जा संयंत्रों को निशाना बनाया जाएगा। इसके कुछ घंटों बाद इस्राइली सेना ने दावा किया कि उसने दक्षिण-पश्चिमी ईरान के शिराज में एक पेट्रोकेमिकल परिसर पर हमला किया। इस्राइल का कहना है कि इस परिसर में बैलिस्टिक मिसाइलों और विस्फोटकों के लिए जरूरी रासायनिक सामग्री तैयार की जाती थी।