प्रधानमंत्री मोदी के लिए 5-लेयर की सुरक्षा, 5 हज़ार पुलिसकर्मी तैनात
Mediawali news, Noida
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट उद्घाटन समारोह और पीए मोदी की जनसभा को लेकर गौतमबुद्ध नगर पुलिस सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अलर्ट मोड पर है। कार्यक्रम की संवेदनशीलता को देखते हुए पूरे इलाके में 5-लेयर सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। साथ ही सभी प्रवेश द्वार सख्त चेकिंग करने के लिए पुलिस कर्मी लगाए गए हैं। आने वाले लोगों की फ्रिस्किंग, बैगेज स्कैनिंग और पहचान सत्यापन के बाद ही एंट्री दी जाएगी। कार्यक्रम से पहले एंटी-सैबोटाज चेक, बम निरोधक जांच और एंटी-माइंस चेकिंग भी की गई है।
5 हज़ार पुलिसवाले तैनात
एडिशनल कमिश्नर डॉ़ राजीव नारायण मिश्र ने बताया कि सुरक्षा-व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए करीब पांच हजार पुलिसकर्मियों और अधिकारियों की तैनाती की गई है। इसके अलावा पीएसी, आरएएफ, एटीएस और सीआईएसएफ की टीमों को भी अलग-अलग स्थानों पर लगाया गया है। कार्यक्रम स्थल पर डीएफएमडी जरिए सघन चेकिंग की जाएगी। साथ ही महिलाओं के लिए अलग से चेकिंग एनक्लोजर बनाए गए हैं।
एंटी-ड्रोन टीमें तैनात :
ड्रोन से किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि रोकने के लिए एंटी-ड्रोन टीमों को तैनात किया गया है। कार्यक्रम क्षेत्र को रेड जोन घोषित किया गया है, जहां ड्रोन उड़ाने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। साथ ही सोशल मीडिया पर भी निगरानी रखी जा रही है, ताकि किसी तरह की अफवाह या भ्रामक सूचना फैलने से रोका जा सके। भीड़ प्रबंधन को लेकर भी खास इंतजाम किए गए हैं।
सीसीटीवी कैमरों से निगरानी
कार्यक्रम स्थल और एयरपोर्ट परिसर में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी। इसके लिए कंट्रोल रूम बनाया गया है। लोगों की सुविधा के लिए अलग-अलग स्थानों पर पुलिस हेल्प डेस्क भी स्थापित किए गए हैं। इसके अलावा स्निफर डॉग, बम निरोधक दस्ते और क्विक रिएक्शन टीमों को भी रणनीतिक स्थानों पर तैनात किया गया है। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद भीड़ के सुरक्षित निकास के लिए अलग से प्लान तैयार किया गया है।
आपात स्थिति में निपटने के लिए फायर टीम तैनात
आपात स्थिति से निपटने के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को भी तैयार रखा गया है। फायर ब्रिगेड और दमकल की गाड़ियां स्टैंडबाय पर रहेंगी। मेडिकल सुविधाओं के तहत एम्बुलेंस, मेडिकल डेस्क और एम्बुलेंस कॉरिडोर की व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम से पहले मॉक ड्रिल भी कराई गई है। साथ ही वाहनों के दबाव से बचने के लिए ट्रैफिक डायवर्जन प्लान लागू किया गया है।