बीटेक छात्रा 28वीं मंजील से संदिग्ध परिस्थिति में गिरी, मौत
मां-भाई दो दिन पहले गए हुए थे गांव, दो बहन के साथ कमरे पर थे पिता
Mediawali news
सेक्टर-32 अमौरे सोसायटी के डी-ब्लाक में शनिवार देर रात 28वीं मंजिल से एक बीटेक छात्रा संदिग्ध परिस्थिति में नीचे गिरने से उसकी मौत हो गई। सूचना पर पहुंची सेक्टर 24 थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। छात्रा के गिरने की आवाज सुनते ही परिजन दौड़े और ब्लाक के मेन गेट के ऊपरी फ्लोर पर खून से लथपथ बेटी को उठाकर जिला अस्पताल ले गए। जहां डाक्टरों ने घायल को मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटना स्थल पर जांच की। पुलिस जांच में आया छात्रा मानसिक तनाव में रहती थी। टीम को सुसाइड नोड नहीं मिला है। मामले में पुलिस को कोई शिकायत नहीं मिली है। लेकिन घटनास्थल पर लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाल कर जांच कर रही है।
पुलिस ने बताया कि सेक्टर 32 अमौरे सोसायटी में संजय जायसवाल परिवार संग रहते हैं। वह नोएडा में तेल का व्यापार करते हैं। उनकी छोटी बेटी अर्पिता (21) जायसवाल पंजाब के एक विश्वविद्यालय से बीटेक की पढ़ाई कर रही थी। दो दिन पहले ही अर्पिता पंजाब से अपने पिता के पास लौटी थी। शनिवार रात करीब दस बजे तक परिवार के सभी सदस्यों ने खाना खाया था। उसके बाद अपने कमरों में सोने चले गए। करीब 12:25 बजे अचानक बालकनी से किसी के गिरने की आवाज सुनाई दी। परिजन और सोसायटी निवासी तुरंत दौड़कर बाहर की ओर देखा तो टावर के मेन गेट वाले ऊपरी फ्लोर पर छात्रा खून से लथपथ पड़ी थी। परिवार वाले उसे नजदीकी जिला अस्पताल ले गए। वहां डाक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। सेक्टर-24 थाना पुलिस ने जिला अस्पताल पहुंचकर शव को कब्जे में लिया। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य एकत्रित किए। पुलिस की प्रारंभिक जांच में आया कि छात्रा मानसिक तनाव में रहती थी। वहीं बताया जा रहा है कि रात में पिता ने किसी गलती पर डांट लगाकर उसे काम का तरीका भी समझाया था। एडीसीपी मनीषा सिंह ने बताया कि बताया कि छात्रा के कूदने की सूचना पर टीम ने मौके से साक्ष्य एकत्रित किए हैं। मामले में कोई शिकायत नहीं मिली है। घटनास्थल पर कोई सुसाइड नोट भी बरामद नहीं हुआ है।
मां और बेटा गए हुए थे पैतृक गांव घर
पुलिस ने बताया कि संजय जायसवाल मूल रूप से उत्तर प्रदेश बस्ती जनपद मंडेरवा गांव निवासी हैं। उनको एक बेटा और दो बेटी हैं। उनकी पत्नी छोटे बेटे के साथ गांव गई हुई थी। घटना वाली रात दोनों बेटी और वह घर पर मौजूद थे। पुलिस को उन्होंने बताया कि मृतका पिछले कुछ दिनों से मानसिक तनाव में थी। हालांकि तनाव का कारण क्या था, यह अभी साफ नहीं हो पाया है। पुलिस के अनुसार घटना के समय घर में परिवार के अन्य सदस्य भी मौजूद थे, लेकिन किसी को इस बात की भनक नहीं लगी कि अर्पिता इतना बड़ा कदम उठा लेगी।
मोबाइल जांच में हकीकत आएगी सामने
पुलिस ने बताया कि पिता ने पुलिस को जानकार दी है कि उनकी बेटी पढ़ाई को लेकर गंभीर थी, लेकिन पिछले कुछ समय से वह परेशान दिख रही थी। पुलिस अर्पिता के मोबाइल फोन को कब्जे में लिया है। साथ ही उसके अन्य चीजों को लेकर की भी जांच कर रही है, ताकि आत्महत्या के पीछे की वजह का पता लगाया जा सके। सोसायटी के निवासियों ने बताया कि अर्पिता शांत स्वभाव की लड़की थी और ज्यादा लोगों से बातचीत नहीं करती थी।