Mediawali news, नोएडा
आईपीओ और शेयर बाजार में निवेश पर भारी मुनाफा दिलाने का झांसा देकर साइबर ठगों ने एक युवक के साथ 29.75 लाख रुपये की ठगी कर ली। पीड़ित ने साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई है। आरोप है कि ठगों ने वॉटसऐप ग्रुप और एक फर्जी निवेश ऐप के माध्यम से विश्वास जीतकर अलग-अलग बैंक खातों में रकम ट्रांसफर कराई। जिन खातों में ठगी की रकम ट्रांसफर हुई है, पुलिस उन खातों की जांच करने में जुट गई है।
सेक्टर-119 स्थित आम्रपाली प्लेटिनम सोसायटी निवासी 23 वर्षीय युवक विनायक पालीवाल ने पुलिस को बताया कि बीते साल दिसंबर में वॉट्सऐप पर उन्हें एक ग्रुप में जोड़ा गया था। ग्रुप के एडमिन और अन्य सदस्यों ने खुद को निवेश विशेषज्ञ बताते हुए आईपीओ और शेयर बाजार में निवेश पर कम समय में अधिक लाभ का दावा किया। इसके बाद पीड़ित को टोटम इन नाम के एक एंड्रॉयड ऐप के बारे में जानकारी दी गई। ठगों ने दावा किया कि यह ऐप विशेष रूप से आईपीओ में निवेश कराने और बेहतर रिटर्न दिलाने के लिए बनाया गया है। शुरुआत में ऐप पर निवेश की रकम और मुनाफा बढ़ता हुआ दिखाया गया, जिससे पीड़ित का भरोसा बढ़ गया। इसके बाद उसे लगातार अधिक रकम निवेश करने के लिए प्रेरित किया गया। पीड़ित ने अपने और अपने पिता के बैंक खातों से अलग-अलग तिथियों में कई ट्रांजैक्शन किए। कुल 29 लाख 75 हजार रुपये विभिन्न बैंक खातों में भेजे गए।
जब पीड़ित ने निवेश की गई राशि और कथित मुनाफा निकालने का प्रयास किया तो टालमटोल किया जाने लगा। बाद में पता चला कि वह साइबर ठगी का शिकार हो गया है। जांच में सामने आया है कि ठगों ने रकम कई बैंक खातों में ट्रांसफर कराई। इनमें विभिन्न निजी बैंकों के खाते और कंपनियों के नाम पर संचालित खाते भी शामिल बताए गए हैं। पीड़ित ने राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद साइबर क्राइम थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। डीसीपी साइबर शैव्या गोयल ने बताया कि किराये के खातों में ठगी की रकम ट्रांसफर होने की आशंका है। मामले में संबंधित बैंक खातों और मोबाइल नंबरों की जांच की जा रही है। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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