सांसद के वीडियो से नया विवाद, नोएडा पुलिस पर उठे सवाल
एक्स पर पोस्ट किए गए वीडियो से बढ़ा नोएडा-बंगाल पुलिस विवाद
विभिन्न राजनीतिक पार्टियों के रणनीतिकार और एक सांसद की फर्जी निजी चैट वायरल मामले में नोएडा और पश्चिम बंगाल पुलिस के बीच विवाद ने नया मोड़ ले लिया है। एक सांसद द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट किए गए वीडियो के बाद नोएडा पुलिस सवालों के घेरे में आ गई है।
वीडियो में दावा किया गया है कि आरोपी ने पुलिस के सामने एक प्रभावशाली राजनीतिक व्यक्ति को कॉल कर दबाव बनाने की कोशिश की और कहा कि पुलिस उसके खिलाफ कुछ नहीं कर पाएगी।
पुलिस के सामने राजनीतिक व्यक्ति को कॉल करने का दावा
सांसद द्वारा पोस्ट किए गए करीब 2 मिनट 38 सेकंड के वीडियो में एक युवक फोन पर बातचीत करते हुए यह कहते सुना गया कि उसने एक राजनीतिक व्यक्ति से संपर्क कर लिया है और पुलिस पर दबाव बनाया जा रहा है। वीडियो में वह यह भी कहता है कि उसने वायरल चैट को डिलीट कर दिया है और उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो सकती।
इस वीडियो के सामने आने के बाद यह सवाल उठने लगा है कि क्या कानून के सामने सभी समान हैं या राजनीतिक प्रभाव के कारण कुछ लोगों को राहत मिल जाती है।
सेक्टर-110 निवासी पर फर्जी चैट वायरल करने का आरोप
जानकारी के अनुसार, नोएडा सेक्टर-110 स्थित लोटस पनास सोसायटी निवासी सुरजीत दास गुप्ता पर आरोप है कि उसने विभिन्न राजनीतिक पार्टियों के रणनीतिकार और एक सांसद की निजी फर्जी चैट सोशल मीडिया पर वायरल की। इस मामले में सांसद ने पश्चिम बंगाल के कृष्णानगर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई थी।
गिरफ्तारी को लेकर दोनों राज्यों की पुलिस में टकराव
बंगाल पुलिस कोर्ट से जारी गिरफ्तारी वारंट लेकर नोएडा पहुंची थी और दावा किया गया कि आरोपी को हिरासत में लिया गया था। हालांकि, पश्चिम बंगाल पुलिस का आरोप है कि नोएडा पुलिस की बड़ी टीम मौके पर पहुंची और गिरफ्तारी में सहयोग नहीं किया। दूसरी ओर, सेंट्रल नोएडा पुलिस ने इन आरोपों को निराधार बताया था।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
सांसद द्वारा शेयर किए गए वीडियो को अब तक दो लाख से अधिक व्यूज मिल चुके हैं, जबकि करीब दो हजार लोगों ने इसे रिपोस्ट किया और सौ से अधिक यूजरों ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। मामले ने राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में नई बहस छेड़ दी है।