दिल्ली–मेरठ और नोएडा–ग्रेनो एक्सप्रेसवे को जोड़ने वाला 13 किमी विश्वकर्मा मार्ग होगा जाममुक्त, प्राधिकरण ने बनाई कार्ययोजना
नोएडा।
नोएडा प्राधिकरण ने शहर की एक अहम और सबसे अधिक व्यस्त सड़कों में शामिल विश्वकर्मा मार्ग को जाममुक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। सेक्टर-62 स्थित मॉडल टाउन गोलचक्कर से लेकर सेक्टर-98 हाजीपुर अंडरपास तक करीब 13 किलोमीटर लंबे इस मार्ग पर लगने वाले भीषण जाम से जल्द राहत मिलने की उम्मीद है। प्राधिकरण ने इसके लिए विशेषज्ञ एजेंसी से सर्वे कराने का फैसला लिया है।
क्यों अहम है विश्वकर्मा मार्ग
रोड नंबर-6 के नाम से जाना जाने वाला यह मार्ग नोएडा को गाजियाबाद, राष्ट्रीय राजमार्ग-9 (NH-9), दिल्ली–मेरठ एक्सप्रेसवे और नोएडा–ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे से सीधे जोड़ता है। यही कारण है कि सुबह और शाम के पीक आवर्स में यहां लंबा जाम लग जाता है, जिससे हजारों वाहन चालकों को रोजाना परेशानी झेलनी पड़ती है।
सीईओ के निर्देश पर शुरू हुई पहल
लगातार मिल रही शिकायतों और सड़क की स्थिति का निरीक्षण करने के बाद नोएडा प्राधिकरण के सीईओ ने इस मार्ग को जाममुक्त करने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद प्राधिकरण के महाप्रबंधक (सिविल) एसपी सिंह ने नोएडा ट्रैफिक सेल के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
विशेषज्ञ एजेंसी करेगी सर्वे
प्राधिकरण ने वर्क सर्किल-4 के वरिष्ठ प्रबंधक को निर्देश दिए हैं कि रोड इंजीनियरिंग में दक्ष किसी विशेषज्ञ एजेंसी से विश्वकर्मा मार्ग का सर्वे कराया जाए। सर्वे के दौरान जाम के प्रमुख कारणों, सड़क की डिजाइन, कट्स, यू-टर्न, रेडलाइट, अतिक्रमण और ट्रैफिक दबाव जैसे बिंदुओं का अध्ययन किया जाएगा।
खामियां दूर कर बनेगी ठोस योजना
सर्वे रिपोर्ट के आधार पर सड़क की खामियों को दूर करने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी। इसके बाद प्राधिकरण की ओर से आवश्यक परीक्षण कर टेंडर जारी किया जाएगा, ताकि सुधार कार्य जल्द शुरू हो सके।
राहत की उम्मीद
प्राधिकरण की इस पहल से न केवल नोएडा बल्कि गाजियाबाद, दिल्ली और ग्रेटर नोएडा की ओर जाने वाले वाहन चालकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। जाम कम होने से समय की बचत के साथ-साथ ईंधन की खपत और प्रदूषण में भी कमी आने की संभावना जताई जा रही है।