वैभव सूर्यवंशी का धमाका: एक वनडे में 14 छक्के, वर्ल्ड रिकॉर्ड टूटे; भारत का यूथ वनडे में सबसे बड़ा स्कोर
भारतीय क्रिकेट का नया उभरता सितारा वैभव सूर्यवंशी रिकॉर्ड पर रिकॉर्ड तोड़ते जा रहे हैं। शुक्रवार को दुबई में खेले गए U-19 एशिया कप मुकाबले में वैभव ने UAE के खिलाफ 95 गेंदों पर 171 रन ठोक दिए। उनकी पारी में 14 सिक्स और 9 चौके शामिल रहे, और इसी के साथ उन्होंने वनडे फॉर्मेट में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का वर्ल्ड रिकॉर्ड बना डाला।
14 छक्कों से टूटा ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी का रिकॉर्ड
वैभव सूर्यवंशी ने ऑस्ट्रेलिया के माइकल हिल का 2008 में बनाया 12 छक्कों वाला रिकॉर्ड तोड़ा।
सिर्फ 56 गेंदों में सेंचुरी बनाकर उन्होंने विरोधी गेंदबाजों को ध्वस्त कर दिया।
उनकी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की बदौलत भारत ने यूथ वनडे में अपना अब तक का सबसे बड़ा स्कोर—433 रन—बना दिया।
यह स्कोर पिछले साल ढाका द्वारा स्कॉटलैंड के खिलाफ बनाए गए 425 रन को भी पार कर गया।
भारत के लिए अहम योगदान
वैभव के अलावा
-
एरोन जॉर्ज – 69 रन
-
विहान मल्होत्रा – 69 रन
ने भी महत्वपूर्ण पारियां खेलीं और टीम को विशाल स्कोर की ओर बढ़ाया।
वैभव सूर्यवंशी के टॉप-3 बड़े रिकॉर्ड
मुश्ताक अली में शतक लगाने वाले सबसे युवा बल्लेबाज
10 दिन पहले, वैभव ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में भी इतिहास रच दिया था।
14 साल की उम्र में उन्होंने ईडन गार्डन्स में महाराष्ट्र के खिलाफ 61 गेंदों पर नाबाद 108 रन बनाए।
वे टूर्नामेंट में सबसे कम उम्र में शतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए।
साथ ही वे 14 की उम्र में 3 T20 सेंचुरी लगाने वाले दुनिया के इकलौते खिलाड़ी हैं।
IPL में फिफ्टी लगाने वाले सबसे युवा खिलाड़ी
वैभव ने सिर्फ 14 साल 32 दिन की उम्र में IPL में अर्धशतक जड़कर एक और रिकॉर्ड अपने नाम किया।
इससे पहले सबसे कम उम्र का रिकॉर्ड राजस्थान रॉयल्स के कप्तान रियान पराग (17 साल 175 दिन) के नाम था।
T20 में शतक लगाने वाले सबसे युवा क्रिकेटर
T20 क्रिकेट में सबसे कम उम्र में शतक लगाने का रिकॉर्ड भी वैभव के नाम है।
उन्होंने राजस्थान रॉयल्स के लिए गुजरात टाइटंस के खिलाफ 35 गेंदों में शतक पूरा किया।
उनके बाद इस सूची में
-
विजय जोल (18 साल 118 दिन)
का नाम आता है।
घरेलू क्रिकेट में प्रदर्शन
-
8 फर्स्ट क्लास मैच: 207 रन
-
6 लिस्ट-A मैच: 132 रन
-
18 T20 मैच: 701 रन
कम उम्र में ही वैभव गंभीर घरेलू अनुभव हासिल कर चुके हैं।
पिता का संघर्ष और वैभव का सफर
वैभव सूर्यवंशी बिहार के समस्तीपुर जिले के ताजपुर के रहने वाले हैं।
9 साल की उम्र में पिता संजीव सूर्यवंशी की गाइडेंस में क्रिकेट शुरू किया।
अपने बेटे के लिए संजीव ने जमीन बेचकर उसे क्रिकेट एकेडमी में दाखिला दिलाया—
जेनिथ क्रिकेट अकादमी, समस्तीपुर।
कोच बताते हैं कि वैभव के पिता रोज़ 100 किलोमीटर दूर जाकर उसे मैच दिखाते थे।
जब भी वैभव एक्स्ट्रा प्रैक्टिस करता था, उसके पिता उसके साथियों के लिए भी टिफिन लेकर आते थे,
क्योंकि साथी खिलाड़ी उसे अतिरिक्त गेंदबाज़ी देते थे।