Mediawali news, Delhi
नई दिल्ली। Iran और Israel–United States के बीच जारी तनाव का असर अब भारतीय बाजारों पर दिखने लगा है। खासकर रमजान के पवित्र महीने में खजूर की आपूर्ति प्रभावित होने से कीमतों में 15 से 20 फीसदी तक बढ़ोतरी की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल बाजार पुराने स्टॉक के सहारे चल रहे हैं।
ईरानी खजूर की बढ़ी मांग
व्यापारियों के अनुसार, जामा मस्जिद, मीना बाजार, उर्दू बाजार और मटिया महल जैसे प्रमुख बाजारों में ईरान से आने वाले किमिया, मजाफती, मरियम, रब्बी और बाम किस्म के खजूर की मांग बढ़ी है। इनकी कीमत 250 से 350 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गई है। किमिया खजूर 300-350 रुपये, मजाफती 250-300 रुपये, जबकि मरियम और रब्बी करीब 300 रुपये किलो बिक रहे हैं। कुछ किस्में 120 से 180 रुपये प्रति किलो भी उपलब्ध हैं।
सूखे मेवों में अंजीर की कीमतों पर भी असर पड़ा है। बाजार में अंजीर 1400 से 2100 रुपये प्रति किलो बिक रहा है।
मध्य पूर्व से होती है बड़ी सप्लाई
खजूर कारोबारी मोहम्मद मुजम्मिल के मुताबिक, भारत में खजूर की बड़ी खेप Saudi Arabia, Dubai और ईरान जैसे देशों से आती है। मौजूदा हालात में मालवाहक जहाजों की आवाजाही प्रभावित होने से नई खेप समय पर नहीं पहुंच पा रही है।
व्यापारी वसीम अहमद का कहना है कि फिलहाल पुराने स्टॉक से रमजान तक मांग पूरी की जा सकती है, लेकिन यदि तनाव लंबा खिंचता है तो कीमतों में और उछाल संभव है।
तनाव कम होते ही सुधर सकती है स्थिति
कारोबारी इमरान हुसैन के अनुसार, हालात सामान्य होते ही सप्लाई बहाल हो जाएगी और कीमतें भी स्थिर हो जाएंगी। हालांकि यदि तनाव बना रहा, तो आगामी त्योहारी सीजन में खजूर और अन्य सूखे मेवों की उपलब्धता प्रभावित हो सकती है।