पाकिस्तान ने श्रीलंका को भेजी एक्सपायर्ड राहत सामग्री

Share your love

 

साइक्लोन दितवाह प्रभावित इलाकों में मदद भेजी गई, फूड पैकेट की एक्सपायरी अक्टूबर 2024

श्रीलंका में आए साइक्लोन दितवाह के बाद पाकिस्तान ने राहत सामग्री भेजी, लेकिन मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इन पैकेट्स की एक्सपायरी अक्टूबर 2024 थी। राहत सामग्री में पानी, दूध पाउडर और आटे के पैकेट शामिल थे।

पाकिस्तान हाई कमीशन, श्रीलंका ने 30 नवंबर को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर राहत सामग्री की तस्वीर पोस्ट की, जिसमें एक्सपायरी डेट साफ दिखाई दे रही थी। इस पोस्ट के बाद कई लोग पाकिस्तान की आलोचना कर रहे हैं। अब तक पाकिस्तान की तरफ से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।

श्रीलंका में बाढ़ की गंभीर स्थिति

साइक्लोन दितवाह के कारण श्रीलंका में भारी बाढ़ आई है। अब तक 390 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है और 370 लोग लापता हैं। लगभग 11 लाख लोग प्रभावित हुए हैं, जबकि करीब 2 लाख लोग अस्थायी शेल्टर होम में रह रहे हैं।

पाकिस्तान के पिछले विवाद

पाकिस्तान पहले भी राहत सामग्री को लेकर विवादों में रहा है। साल 2022 में तुर्किये में आए भूकंप के समय पाकिस्तान ने वहां भेजी गई मदद को वापस पैक करके भेज दिया था। उस समय तुर्किये ने पाकिस्तान को फटकार लगाई थी।

भारत ने पाकिस्तान की फ्लाइट को दिया एयरस्पेस

राहत सामग्री ले जा रही पाकिस्तानी फ्लाइट के लिए भारत ने अपने एयरस्पेस से गुजरने की मंजूरी दी। पाकिस्तान ने 26 नवंबर को दोपहर 1 बजे एयरस्पेस की रिक्वेस्ट की थी। भारत ने इसे सिर्फ 4 घंटे में मंजूरी दे दी।

दितवाह: 20 साल में सबसे खतरनाक साइक्लोन

साइक्लोन दितवाह 26 नवंबर को श्रीलंका के दक्षिण-पूर्वी तट के पास बना। यह उत्तर हिंद महासागर साइक्लोन सीजन का चौथा चक्रवात है और यमन ने इसका नाम रखा। विशेषज्ञ इसे 20 सालों में आए सबसे खतरनाक तूफान मान रहे हैं।

भारत की मदद

भारत ने ऑपरेशन सागर बंधु के तहत श्रीलंका को 53 टन राहत सामग्री भेजी। इसमें शामिल हैं:

  • इंडियन नेवी के जहाज से 9.5 टन इमरजेंसी राशन, टेंट, तिरपाल, कंबल, हाइजीन किट, रेडी-टू-ईट फूड, दवाइयां और सर्जिकल इक्विपमेंट।

  • इंडियन एयर फोर्स के तीन एयरक्राफ्ट के जरिए 31.5 टन और राहत सामग्री एयरलिफ्ट की।

  • पांच लोगों की मेडिकल टीम और NDRF की 80 लोगों की विशेष टीम भी भेजी गई।

  • नई दिल्ली से इंडियन नेवी के जहाज सुकन्या पर 12 टन राहत सामग्री भेजी, जिससे कुल 53 टन हो गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Home
News
Videos
Audios
Work With Us