यूपी की इकॉनमी का गेमचेंजर या ओवरहाइप? जेवर एयरपोर्ट पर सवाल
Mediawali news, noida
उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को “रॉकेट स्पीड” देने वाला बताया जा रहा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट सिर्फ एक इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि एक बड़े आर्थिक प्रयोग की शुरुआत है लेकिन क्या यह वाकई गेमचेंजर साबित होगा? आइए इस खबर को एक अलग, संतुलित नजरिए से समझते हैं।
सबसे पहले, यह एयरपोर्ट प्रदेश के लिए “अवसर” तो लेकर आ रहा है, लेकिन इसके साथ “चुनौतियां” भी जुड़ी हुई हैं। 7 करोड़ यात्रियों और 10 लाख टन कार्गो क्षमता का लक्ष्य बेहद महत्वाकांक्षी है। सवाल यह है कि क्या शुरुआती वर्षों में इतनी बड़ी क्षमता का पूरी तरह उपयोग हो पाएगा? भारत में कई एयरपोर्ट ऐसे हैं जहां क्षमता और वास्तविक ट्रैफिक के बीच बड़ा अंतर देखा गया है।
दूसरा पहलू है किसानों और स्थानीय लोगों पर प्रभाव। “फार्म-टू-ग्लोबल मार्केट” मॉडल आकर्षक जरूर है, लेकिन इसके लिए मजबूत सप्लाई चेन, कोल्ड स्टोरेज और निर्यात नेटवर्क की जरूरत होगी। अगर यह इकोसिस्टम समय पर तैयार नहीं हुआ, तो किसानों को अपेक्षित 20–30% आय वृद्धि मिलना मुश्किल हो सकता है। साथ ही, भूमि अधिग्रहण और शहरी विस्तार के कारण कुछ ग्रामीण क्षेत्रों में सामाजिक-आर्थिक दबाव भी बढ़ सकता है।
रोजगार सृजन को लेकर भी तस्वीर पूरी तरह सीधी नहीं है। शुरुआती 50,000 प्रत्यक्ष नौकरियां और लाखों अप्रत्यक्ष रोजगार की बात की जा रही है, लेकिन इनमें से कितने हाई-स्किल और स्थायी होंगे, यह देखना अहम होगा। अक्सर ऐसे प्रोजेक्ट्स में शुरुआती बूम के बाद रोजगार की गति धीमी पड़ जाती है।
पर्यटन और उद्योग के लिए यह एयरपोर्ट निश्चित रूप से एक बड़ा प्लस पॉइंट है। वाराणसी, मथुरा और आगरा जैसे शहरों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलने से विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ सकती है। लेकिन इसके लिए सिर्फ एयरपोर्ट नहीं, बल्कि होटल, ट्रांसपोर्ट और सुरक्षा जैसे सपोर्ट सिस्टम को भी उतना ही मजबूत करना होगा।
आखिर में, यह कहना गलत नहीं होगा कि जेवर एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश के लिए एक “हाई-रिस्क, हाई-रिवार्ड” प्रोजेक्ट है। अगर सभी योजनाएं सही समय पर लागू होती हैं, तो यह राज्य की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है। लेकिन अगर प्लानिंग और क्रियान्वयन में कमी रह गई, तो यह उम्मीदों पर खरा नहीं उतर पाएगा।
यानी, यह प्रोजेक्ट एक बड़ा मौका जरूर है—लेकिन इसकी सफलता पूरी तरह जमीन पर उतरने वाली रणनीतियों पर निर्भर करेगी।