राजस्थान में बीजेपी शासन में पेपर लीक रुके: अमित शाह
राजस्थान में पेपर लीक पर रोक: अमित शाह का दावा
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि राजस्थान में बीजेपी सरकार बनने के बाद पेपर लीक की घटनाएं पूरी तरह से बंद हो गई हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकार के दौरान युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ, लेकिन मौजूदा सरकार ने सख्त फैसले लेकर इस समस्या पर प्रभावी रोक लगाई है। अमित शाह के अनुसार, भर्ती परीक्षाओं में अब पारदर्शिता सुनिश्चित की गई है और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई हो रही है, जिससे युवाओं का भरोसा दोबारा बहाल हुआ है।
कानून-व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार
गृह मंत्री ने दावा किया कि राजस्थान में कानून-व्यवस्था की स्थिति में बड़ा सुधार देखने को मिला है। उन्होंने आंकड़े पेश करते हुए बताया कि राज्य में गंभीर अपराधों में कुल मिलाकर 19 प्रतिशत की कमी आई है। हत्या के मामलों में 25 प्रतिशत, हत्या के प्रयास के मामलों में 19 प्रतिशत और महिलाओं के खिलाफ अपराधों में लगभग 10 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। अमित शाह ने कहा कि यह बदलाव सरकार की सख्त नीति और प्रभावी पुलिसिंग का परिणाम है।
जीरो टॉलरेंस नीति का असर
अमित शाह ने कहा कि बीजेपी सरकार ने अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई है। पुलिस को अपराध पर तुरंत और सख्ती से कार्रवाई करने की पूरी छूट दी गई है। साथ ही, तकनीक के बेहतर उपयोग से अपराध पर निगरानी बढ़ाई गई है और जांच प्रक्रिया को तेज किया गया है। उनका कहना था कि इससे अपराधियों में कानून का डर पैदा हुआ है।
महिलाओं की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता
गृह मंत्री ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए विशेष योजनाएं लागू की गई हैं और निगरानी तंत्र को मजबूत किया गया है, ताकि महिलाओं के खिलाफ अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके।
विपक्ष पर निशाना और भविष्य की योजनाएं
अमित शाह ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले की सरकारों में पेपर लीक और अपराध आम बात बन चुके थे, जिससे जनता में नाराजगी थी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि बीजेपी सरकार जवाबदेही और सुशासन में विश्वास रखती है। अंत में उन्होंने कहा कि राज्य में शांति और सुरक्षा का माहौल बनने से निवेश बढ़ेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने जनता से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि सरकार युवाओं के भविष्य और जनता की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेगी।