महिलाओं ने दिया निवेश का झांसा, शेयर मार्केट के नाम पर 35 लाख की साइबर ठगी
व्हाट्सऐप ग्रुप और फर्जी ऐप के जरिए दिया गया लालच, 1.6 करोड़ मुनाफा दिखाकर फंसाया
ग्रेटर नोएडा से साइबर ठगी का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां शेयर मार्केट में निवेश का झांसा देकर ठगों ने एक व्यक्ति से करीब 35 लाख रुपये की ठगी कर ली। ठगों ने खुद को प्रतिष्ठित कंपनी से जुड़ा बताकर पीड़ित को वॉट्सऐप ग्रुप में जोड़ा, फर्जी ट्रेनिंग दी और एक नकली ऐप डाउनलोड कराकर धीरे-धीरे बड़ी रकम ट्रांसफर करा ली। जब पीड़ित ने मुनाफा निकालने की कोशिश की, तब ठगी का खुलासा हुआ। मामले में साइबर थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
दो महिलाओं ने रचा ठगी का जाल
गौर सिटी-2 स्थित गैलेक्सी नर्थ एवेन्यू निवासी शिशुपाल सिंह ने बताया कि वह एक निजी कंपनी में नौकरी करते हैं और शेयर मार्केट में निवेश करने में रुचि रखते हैं। 20 सितंबर को उन्हें वॉट्सऐप पर नवीसा सायनयम नाम की महिला का मैसेज आया। बातचीत के दौरान महिला ने उन्हें शेयर मार्केट में अच्छा मुनाफा कमाने का भरोसा दिलाया और अपने साथ काम करने वाली वैलायन सुमैया नाम की महिला से भी संपर्क कराया।
वॉट्सऐप ग्रुप में जोड़कर दी गई फर्जी ट्रेनिंग
अगले ही दिन पीड़ित को “चोला सिक्योरिटीज” नाम के एक वॉट्सऐप ग्रुप में जोड़ दिया गया। इस ग्रुप में कथित तौर पर शेयर मार्केट से जुड़ी ट्रेनिंग दी जा रही थी। ग्रुप में मौजूद लोग लगातार मुनाफे की बातें करते थे, जिससे पीड़ित का भरोसा और बढ़ता गया। इसके बाद ठगों ने पीड़ित को चोला सिक्योरिटीज कंपनी के नाम का एक ऐप डाउनलोड कराया।
8 बार में 35.30 लाख रुपये ट्रांसफर
शुरुआत में पीड़ित ने एक लाख रुपये निवेश किए। ऐप पर मुनाफा बढ़ता देखकर वह ठगों के झांसे में पूरी तरह आ गया। इसके बाद उसने यूपीआई और अन्य माध्यमों से कुल आठ बार में 35 लाख 30 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। पीड़ित के अनुसार, यह रकम ओम साई इंटरप्राइजेज के नाम से खुले करंट बैंक खातों में भेजी गई, जो एक प्राइवेट बैंक की लालबाग और नारायणपुरा शाखाओं से जुड़े बताए जा रहे हैं।
1.6 करोड़ मुनाफा दिखाकर मांगा टैक्स
पीड़ित का कहना है कि जब ऐप पर उसका मुनाफा बढ़कर करीब 1.6 करोड़ रुपये दिखने लगा, तब उसने रकम निकालने की कोशिश की। इसी दौरान ठगों ने उससे मुनाफा निकालने के लिए 20 प्रतिशत टैक्स या कमीशन जमा करने की मांग कर दी। इस पर पीड़ित को शक हुआ और उसने सीधे चोला सिक्योरिटीज कंपनी के आधिकारिक कस्टमर केयर नंबर पर संपर्क किया।
असली कंपनी से हुआ ठगी का खुलासा
कस्टमर केयर से बातचीत के दौरान पीड़ित को बताया गया कि चोला सिक्योरिटीज के नाम से कुछ लोग साइबर ठगी कर रहे हैं। कंपनी ने स्पष्ट किया कि उनकी ओर से न तो कोई ऐसा ऐप चलाया जाता है और न ही इस तरह की निवेश सेवा दी जाती है। इसके बाद पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ।
साइबर थाने में दर्ज हुआ केस
पीड़ित ने 19 नवंबर को राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर साइबर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि बैंक खातों, मोबाइल नंबरों और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर ठगों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
लोगों से सतर्क रहने की अपील
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान कॉल, वॉट्सऐप ग्रुप या ऐप के जरिए निवेश करने से पहले पूरी जांच-पड़ताल करें। नामी कंपनियों के नाम पर हो रही साइबर ठगी के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है, ऐसे में थोड़ी सी लापरवाही भारी नुकसान में बदल सकती है।