दिल्ली में लगातार खराब होती हवा को देखते हुए पर्यावरण मंत्री गुरमीत सिंह सिरसा ने अधिकारियों को सख्त और बिना किसी पक्षपात के कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। राजधानी में बढ़ते धूल और धुएं के स्तर को नियंत्रित करने के लिए सरकार अब तेज़ और ठोस कदम उठाने जा रही है। सभी अधिकारियों को चेतावनी: कोई ढिलाई बर्दाश्त नहीं बैठक में सिरसा ने स्पष्ट कहा कि प्रदूषण नियंत्रण में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।उन्होंने निर्देश दिया कि कार्रवाई करते समय राजनीतिक दबाव या क्षेत्रीय पक्षपात की बिल्कुल जगह नहीं होनी चाहिए। शहर में पर्यावरण नियमों का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति या संस्था पर समान रूप से कड़ी कार्रवाई होगी। MCD को आदेश: उद्योगों और निर्माण स्थलों का तुरंत सर्वे पर्यावरण मंत्री ने MCD के डिविज़नल कमिश्नर को आदेश दिया कि: सभी नॉन-कन्फ़ॉर्मिंग औद्योगिक क्षेत्रों की जांच की जाए निर्माण स्थलों का सर्वे तुरंत शुरू किया जाए उन इकाइयों की पहचान की जाए जो धूल, धुआं या कचरा फैलाकर प्रदूषण बढ़ा रही हैं सर्वे में पकड़े गए उल्लंघनों की जानकारी तुरंत विभाग को भेजी जाएगी, ताकि दोषियों पर जुर्माना, सीलिंग या अन्य सख्त कार्रवाई की जा सके। बिना अनुमति चल रही औद्योगिक इकाइयों पर भी नजर सिरसा ने कहा कि कई औद्योगिक यूनिट्स बिना अनुमति के ऑपरेट कर रही हैं, जो प्रदूषण को और बढ़ा रही हैं।उन्होंने अधिकारियों से ऐसे मामलों में तुरंत कार्रवाई करने और किसी भी देरी को तुरंत रोकने के निर्देश दिए। धूल, कूड़ा जलाने और वाहन प्रदूषण की 24×7 निगरानी पर्यावरण मंत्री ने सड़क पर जमा धूल, कूड़ा-कचरा जलाने और वाहनों से निकलने वाले धुएं की लगातार निगरानी करने के लिए टीमों को चौबीसों घंटे सक्रिय रहने का आदेश दिया है। उन्होंने सभी ज़ोनल कार्यालयों से कहा कि टीमें तुरंत रिपोर्टिंग करें और नियमों का उल्लंघन देखते ही तुरन्त कार्रवाई की जाए। Post navigation IPL मैच चिन्नास्वामी स्टेडियम से नहीं जाएंगे: कर्नाटक सरकार का बड़ा बयान इंडिगो की 220+ उड़ानें रद्द : दिल्ली-मुंबई में यात्रियों की मुश्किलें जारी