एक हफ्ते में रिलायंस की वैल्यू ₹28,283 करोड़ बढ़ी
वहीं एयरटेल की मार्केट वैल्यू ₹35,239 करोड़ गिर गई — शेयर बाजार 475 अंक ऊपर बंद
बीते हफ्ते भारतीय शेयर बाजार में मजबूत तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स ने इस सप्ताह करीब 475 अंक की बढ़त दर्ज की। इसी के साथ देश की टॉप मार्केट कैप कंपनियों में बड़े बदलाव दर्ज हुए। भारत की 10 सबसे बड़ी कंपनियों में से 7 कंपनियों का मार्केट कैप कुल ₹96,201 करोड़ बढ़ गया, जबकि तीन में गिरावट हुई।
रिलायंस बनी टॉप गेनर — ₹28,283 करोड़ की बढ़त
इस सप्ताह का सबसे बड़ा फायदा रिलायंस इंडस्ट्रीज को हुआ।
कंपनी का मार्केट वैल्यूएशन ₹28,283 करोड़ बढ़कर ₹21.20 लाख करोड़ तक पहुंच गया। यह बढ़त निवेशकों के भरोसे और सकारात्मक ट्रेडिंग सेंटिमेंट का परिणाम मानी जा रही है।
दूसरे बड़े गेनर — बजाज फाइनेंस, HDFC बैंक, ICICI बैंक
रिलायंस के बाद बढ़त दर्ज करने वाली प्रमुख कंपनियां थीं:
| कंपनी | बाजार में बढ़ोतरी |
|---|---|
| बजाज फाइनेंस | ₹20,348 करोड़ |
| HDFC बैंक | ₹13,611 करोड़ |
| ICICI बैंक | ₹13,600 करोड़ |
| LIC | ₹4,997 करोड़ |
इन कंपनियों में निवेशकों की खरीदारी बनी रही जिसके कारण मार्केट कैप में सुधार देखा गया।
एयरटेल को बड़ा झटका — ₹35,239 करोड़ की गिरावट
रिलायंस और अन्य कंपनियों के विपरीत, भारती एयरटेल इस हफ्ते की सबसे कमजोर परफ़ॉर्मर रही।
कंपनी का मार्केट कैप ₹35,239 करोड़ घटकर 11.98 लाख करोड़ पर आ गया।
गिरावट के कारणों में निवेशकों द्वारा मुनाफावसूली, टेलीकॉम सेक्टर में प्रतिस्पर्धा और मार्केट उतार-चढ़ाव शामिल माने जा रहे हैं।
मार्केट कैपिटलाइजेशन क्या होता है?
मार्केट कैप (Market Cap) किसी भी कंपनी की कुल मार्केट वैल्यू होती है।
यह बताता है कि कंपनी की कुल वैल्यू शेयर बाजार में कितनी है।
फ़ॉर्मूला:
Market Cap = Total Outstanding Shares × Share Price
उदाहरण
अगर किसी कंपनी के 1 करोड़ शेयर मार्केट में हैं और एक शेयर की कीमत ₹20 है, तो:
1,00,00,000 × 20 = ₹20 करोड़ मार्केट कैप
यानी, शेयर जितने महंगे और शेयर जितने ज़्यादा, मार्केट कैप उतना बड़ा।
मार्केट कैप बढ़े तो क्या होता है?
कंपनी को फायदा
ज़्यादा फंड जुटा सकती है
कर्ज लेने और विस्तार योजनाओं में आसानी
दूसरी कंपनियों को खरीदने की क्षमता बढ़ती है
निवेशकों को फायदा
शेयर की कीमत बढ़ने से मुनाफा
पोर्टफोलियो की वैल्यू बढ़ती है
नए निवेशकों का भरोसा मजबूत होता है
मार्केट कैप घटे तो नुकसान?
कंपनी का जोखिम बढ़ता है
निवेशक बेचने लगते हैं
शेयर की कीमत और गिर सकती है