दिल्ली-एनसीआर में सर्दी की लहर, 30 नवंबर से ठंड बढ़ेगी
दिल्ली-एनसीआर और राजस्थान में 30 नवंबर से सर्दी की तेज लहर
दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी राजस्थान में तापमान में बड़ी गिरावट दर्ज होने वाली है। मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी जारी की है कि 30 नवंबर से शीतलहर का प्रभाव तेज होगा तथा आने वाले दिनों में सुबह और शाम का मौसम और अधिक ठंडा रहेगा। विशेषज्ञों के अनुसार, इस बार की सर्दी सामान्य से अधिक शुष्क महसूस हो सकती है, जिससे ठिठुरन बढ़ने की संभावना है।
ठंडी हवाओं और तापमान में गिरावट की चेतावनी
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि उत्तरी हवाएँ तेज होंगी, जिससे रात और सुबह के तापमान में और गिरावट आएगी। पिछले वर्षों की तुलना में इस बार अधिक ठंड महसूस होने की आशंका है। माना जा रहा है कि साइक्लोन डिटवा (Cyclone Ditva) का असर भी इस ठंड की तीव्रता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
कोहरा + प्रदूषण = दोहरी चुनौती
IMD ने चेतावनी दी है कि ठंड के साथ-साथ कोहरा और वायु गुणवत्ता (Air Quality) भी खराब हो सकती है। कम दृश्यता के कारण सुबह-सुबह वाहनों की रफ्तार धीमी हो सकती है, जिससे यात्रा में बाधा और दुर्घटना का खतरा रह सकता है। प्रदूषण और ठंड का संयुक्त प्रभाव सांस, अस्थमा, हृदय रोग और एलर्जी से पीड़ित लोगों के लिए अधिक जोखिम भरा होगा।
स्वास्थ्य और सुरक्षा उपाय
सरकार तथा विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि नागरिक ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े, कंबल, हीटर और गर्म पेय का सेवन नियमित करें। विशेषतः बच्चों, बुजुर्गों और बीमार व्यक्तियों को अतिरिक्त सतर्कता की आवश्यकता है, क्योंकि ठंडी हवाएं वायरल संक्रमण और फ्लू के मामलों को बढ़ा सकती हैं।
ऊर्जा की मांग बढ़ने की संभावना
ठंड बढ़ने के साथ-साथ हीटिंग डिवाइस और बिजली की मांग भी बढ़ सकती है। लोग घरों, दफ़्तरों और कार्यस्थलों पर अतिरिक्त सावधानी अपनाएं और आवश्यकतानुसार हीटर का उपयोग नियंत्रित मात्रा में करें।