अमेरिका के लास वेगास में मशहूर ट्रैवल इन्फ्लुएंसर अनुनय सूद की संदिग्ध मौत

Share your love
फोर्ब्स की टॉप-100 डिजिटल स्टार्स लिस्ट में लगातार तीन साल शामिल रहे थे नोएडा के रहने वाले अनुनय

सेक्टर-12 के निवासी और देश के प्रसिद्ध ट्रैवल इन्फ्लुएंसर अनुनय सूद की अमेरिका के लास वेगास में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। बुधवार को यह घटना उस वक्त हुई जब वे होटल के कमरे में थे। अनुनय के परिवार ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट जारी कर उनके निधन की पुष्टि की। गुरुवार को उनके नोएडा स्थित घर पर शोक व्यक्त करने वालों का तांता लगा रहा।

होटल के कमरे में मिला बेहोश, अस्पताल में हुई मौत की पुष्टि 


स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, अनुनय लास वेगास में एक वीडियो शूट के बाद होटल लौटे थे। अगली सुबह जब टीम के सदस्यों ने उन्हें जगाने की कोशिश की, तो कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
घटना के समय उनकी मां दुबई में बड़ी बेटी के पास थीं। बेटे की मौत की सूचना मिलते ही वे छोटी बेटी के साथ नोएडा लौट आईं। पिता राहुल सूद, जो भेल से सेवानिवृत्त इंजीनियर हैं, सदमे में हैं।

 
डिजिटल स्टार रहे अनुनय, फोर्ब्स ने किया था सम्मानित


अनुनय सूद भारत ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मशहूर ट्रैवल फोटोग्राफर और इन्फ्लुएंसर थे। वे फोर्ब्स इंडिया की टॉप-100 डिजिटल स्टार्स लिस्ट में लगातार तीन वर्षों (2022, 2023 और 2024) तक शामिल रहे। फोर्ब्स ने उन्हें “दुबई-बेस्ड फोटोग्राफर, जो दुनिया को अपने कैमरे से देखता है” कहकर सम्मानित किया था।
वे एक सफल मार्केटिंग फर्म भी चलाते थे, जिसने सोशल मीडिया की क्रिएटिव दुनिया में उन्हें अलग पहचान दी।

14 लाख इंस्टाग्राम फॉलोअर्स, 4 लाख यूट्यूब सब्सक्राइबर्स


अनुनय के इंस्टाग्राम पर 14 लाख से अधिक फॉलोअर्स और यूट्यूब पर करीब चार लाख सब्सक्राइबर्स थे। उनकी फोटोग्राफी और ट्रैवल रील्स दुनिया भर में लोकप्रिय थीं — स्विट्जरलैंड के पहाड़ों से लेकर टोक्यो की गलियों तक, हर तस्वीर में एक कहानी झलकती थी।

 

कॉर्पोरेट नौकरी छोड़कर बने ट्रैवल ब्लॉगर


अनुनय का सफर प्रेरणादायक रहा। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत कॉर्पोरेट क्षेत्र से की थी, ताकि अपनी यात्राओं के लिए पूंजी जुटा सकें। बाद में नौकरी छोड़कर उन्होंने फुल-टाइम ट्रैवल ब्लॉगर बनने का फैसला किया। वे खुद कहते थे कि यह बदलाव “रातों-रात नहीं आया, बल्कि साहस और जुनून से संभव हुआ।”

32 साल की उम्र में देखे 40 देशों के नज़ारे


कम उम्र में ही अनुनय ने 40 देशों की यात्रा की थी। उनकी पोस्टों से झलकता था कि उन्हें भारत से गहरा लगाव था। उन्होंने बनारस की गलियों, मनाली की बर्फीली पहाड़ियों और केरल के बैकवाटर्स जैसे स्थानों की खूबसूरती को अपने कैमरे में कैद किया।
32 वर्ष की उम्र में उनका इस तरह जाना सोशल मीडिया जगत के लिए एक गहरा झटका है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Home
News
Videos
Audios
Work With Us