कॉल गर्ल की आड़ में लूट करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, तीन युवती सहित पांच गिरफ्तार
Tags: कॉल गर्लपुलिस ने एक नाबालिग को भी पकड़ा है, उसे अभिरक्षा में लिया गया
Mediawali news, नोएडा
नौकरी की तलास में फिरोजाबाद से दिल्ली आकर कॉल गर्ल की आड़ में लूट करने वाले गिरोह के तीन युवती और दो को युवकों सेक्टर 24 थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। साथ ही एक नाबालिग को अभिरक्षा में लिया है। ये लोग सोशल मीडिया और ऑनलाइन फ्रेंडशिप क्लब के माध्यम से ग्राहकों की तलाश करते थे। जरूरत मंद लोगों को सुनसान इलाके में बुलाया जाता था। पीड़ितों को होटल में जाने की बात बोलकर अपनी कार में बैठाने के बाद लूटपाट कर आरोपी फरार हो जाते थे। इनके कब्जे से नोएडा में लूटी गई फॉर्च्यूनर कार, वारदात में इस्तेमाल स्विफ्ट और ऑरा कार व एक चाकू बरामद किया गया है। पुलिस गिरोह फरार सरगना की तलाश कर रही है।
एडिशनल डीसीपी मनीषा सिंह ने बताया कि सेक्टर-54 स्थित खेलगांव पार्क के पास से सभी की अरेस्टिंग हुई है। उनकी पहचान फिरोजाबाद निवासी ओमवीर यादव, मैनपुरी निवासी मंजेश यादव, औरैया निवासी निधि यादव, फिरोजाबाद निवासी प्रियंका यादव तथा मैनपुरी निवासी काजल उर्फ रिया यादव के रूप में हुई है। पुलिस पूछताछ में जानकारी सामने आई है कि ये लोग हाल फिलहाल में दिल्ली में आए हैं। न्यू अशोक नगर में किराए के कमरे में रहते थे। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि इन लोगों को नौकरी नहीं मिल रही थी, इसके बाद सरगना पंकज यादव ने गैंग निधी के माध्यम से अन्य लड़कियों को जोड़कर टीम बनाई।
फिर ये लोग मिलकर ऑनलाइन फर्जी फ्रेंडशिप क्लब बनाकर वारदात को अंजाम देते थे। क्लब से जुड़ने के बाद कोई व्यक्ति कॉल गर्ल की इच्छा जाहिर करता था तो गिरोह सगरना पंकज यादव बातचीत करता था। वो दिल्ली, नोएडा और एनसीआर क्षेत्र में ग्राहकों से अलग-अलग स्थानों पर मिलते थे। इसके बाद ग्राहक को लड़की दिखाने के बहाने अपनी कार में बैठाकर एकांत स्थान पर ले जाते थे। रुपये की बातचीत तय होने पर पीड़ितों को होटल ले जाने के बहाने लूट की वारदात को अंजाम देते थे। घटना के समय एक कार में लड़की सहित तीन से चार लोग रहते थे, जबकि अन्य साथी दूसरी कार में पीछे चलते थे।
27 हजार और एक फॉर्च्युनर कार लूटी गई थी
गिरोह का सरगना ओमबीर ने पूछताछ में बताया कि 30 जून 2026 की रात एक फॉर्च्यूनर कार को सेक्टर-54 नोएडा स्थित पेट्रोल पंप के पास से मिलकर लूटा गया था। उन्होंने पीड़ित को स्विफ्ट कार लड़की दिखाने के बहाने बैठाया, उसका मोबाइल जबरन छीन लिया और मारपीट करते हुए मोबाइल का लॉक खुलवाया। इसके बाद यूपीआई के माध्यम से विभिन्न खातों में 27 हजार रुपये ट्रांसफर करा लिए गए। पीड़ित की जेब से पर्स और कार की चाबी भी जबरन छीन ली। साथ ही उसकी फॉर्च्यूनर कार लेकर फरार हो गए। पूछताछ में बताया गया कि घटना के समय स्विफ्ट कार में ओमबीर, मंजेश यादव, पंकज यादव और निधि यादव मौजूद थे। वहीं कुछ दूरी पर दूसरी ऑरा कार में जीतू यादव उर्फ छोटू, रिशु यादव, प्रियंका यादव, काजल यादव उर्फ रिया तथा अभिषेक यादव मौजूद थे।
कम उम्र की लड़कियों को गिरोह में किया शामिल
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि पंकज यादव गिरोह का सरगना है। पकड़ी गई एक कार मंजेश के भाई की है और दूसरी पंकज की है। इन लोगों ने रुपये खर्च कर दिए हैं। फार्चुनर कार को बेचने के प्लानिंग कर रहे थे, तब तक पुलिस ने उन्हें दबोच लिया। पंकज ने औरैया निवासी निधि के माध्यम से प्रियंका और काजल को गैंग में शामिल किया।आशंका है कि इस प्रकार की वारदात से प्राप्त नकदी से ही घटना में इस्तेमाल होने वाली दोनों कारें खरीदी गई होंगी। आरोपियों की उम्र 19 से 27 साल के बीच है।
शहर में पहले भी हुए हैं ऐसे खुलासे
22 जून 2026: सेक्टर-39 थाना पुलिस ने डेटिंग ऐप के जरिए युवकों को बुलाकर लूट करने वाले गिरोह के सदस्यों को गिरफ्तार किया।
14 फरवरी 2025: एक्सप्रेसवे क्षेत्र में महिला मित्र के बहाने बुलाकर युवक से लूट की घटना दर्ज हुई।
पांच सितंबर 2024: सेक्टर-126 क्षेत्र में ऑनलाइन फ्रेंडशिप के नाम पर ब्लैकमेल और लूट करने वाले गिरोह के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई की थी।